मुगलसराय कोतवाली क्षेत्र के जीटी रोड स्थित पापुलर मेडिकल स्टोर के मालिक को बदमाशों ने गोली मार दी।

चंदौली। मुगलसराय कोतवाली क्षेत्र में मेडिकल संचालक को बदमाशों ने मारी गोली। चंदौली मुगलसराय कोतवाली क्षेत्र के जीटी रोड स्थित पापुलर मेडिकल स्टोर के मालिक को बदमाशों ने गोली मार दी। घायलावस्था में परिजनों व आसपास के लोगों ने पास के एक नीजी अस्पताल में ले गए। जहां चिकित्सकों ने प्राथमिक उपचार के बाद जबाब दे दिया। परिजन तत्काल वाराणसी ट्रामा सेटर ले गए। जहाँ डॉक्टरों ने दवा व्यवसाई रोहितास पाल उर्फ़ रोमी को मृत घोषित कर दिया। मौके से एक खोखा कारतूस भी बरामद किया गया है।

जानकारी के अनुसार मुगलसराय कोतवाली क्षेत्र के जी टी रोड स्थित पॉपुलर मेडीकल स्टोर के मालिक रोहितास पाल उर्फ रोमी मांगलवार कि देर शाम सांढ़े दस बजे अपना दुकान बन्द कर घर जा रहे थे। दवा व्यवसाई दुकान के सामने खड़ी अपनी स्कूटी चालू कर ही रहा था। कि तभी पहले से घात लगाए बदमाशों ने रोहितास पाल को सर के पीछे गोली मार दी। जिससे रोहितास घायल होकर जमीन पर गिरकर छटपटाने लगा। घटना को अंजाम देखकर नकाबपोश बदमाश मौके से फरार हो गया।

घटना को देख आस-पास के लोगो और परिजन रोहित पाल को लेकर अलीनगर स्थित एक नीजी अस्पताल में ले गये। जहां चिकित्सकों ने प्राथमिक उपचार के बाद परिजनों को हायर सेंटर रेफर कर दिया। परिजन फिर नेशनल हाइवे स्थित दूसरे नीजि अस्पताल में भर्ती कराया गया है। जहां से डॉक्टर ने दवा व्यवसाई को वाराणसी ट्रामा सेंटर रेफर कर दिया। जहाँ इलाज के दौरान रोहितास पाल की मौत हो गई।

घटना कि जानकारी होते ही मुगलसराय बीजेपी विधायक रमेश जायसवाल हाइवे स्थित निजी अस्पताल पहुंचे। जहाँ पर बीजेपी विधायक ने पुलिस अधीक्षक से फोन पर बात कि और इस मामले में कड़ी कार्यवाई करने का एसपी को निर्देश दिया। विधायक रमेश जायसवाल ने बताया की दवा व्यवसाय रोहिताश पाल काफी प्रतिष्ठित व्यवसाई है और व्यापार मंडल के अध्यक्ष भी रह चुके हैं रोहिताश पाल का व्यवहार काफी मधुर था और सबसे उनके अच्छे संबंध थे हम लोगों की जानकारी में कोई ऐसा विवाद नहीं है हालांकि मैने एसपी को निर्देश दिया कि इस मामले को जल्द से जल्द खोला जाए और इसमें कड़ी कार्रवाई की जाए

मामले कि जानकारी होते ही पुलिस अधीक्षक घटनास्थल पर पहुंचे। इस दौरान मौके पर भारी भीड़ इकट्ठा हो गई थी। पुलिस अधीक्षक में मौके का मुआयना किया और मतहतो को आवश्यक निर्देश भी दिए। वहीं विधायक भी मौके पर पहुंचे और घटनास्थल पर लोगों से मामले की जानकारी ली।

घटना के संबंध में पुलिस अधीक्षक आदित्य लाग्हे ने बताया कि दवा में सही रोहतास पाल दुकान बंद कर अपनी स्कूटी स्टार्ट करते इस दौरान एक युवक आया और उसने फायर कर दिया गोली उनके सर में लगी है और घटना को अंजाम देने के बाद युवक मौके से भाग खड़ा हुआ उनके कर्मचारियों ने आरोपी को दौड़ने का प्रयास किया इनको ट्रामा सेंटर रेफर किया गया है मामले में परिजनों से तहरीर लेकर आवश्यक कार्रवाई की जा रही हे।

प्रबोधिनी एकादशी पर श्रद्धालुओं ने़ लगाई आस्था की डुबकीचहनिया चन्दौली।क्षेत्र के मां भागीरथी के पश्चिमी वाहिनी बलुआ घाट पर प्रबोधिनी एकादशी के पावन पर्व पर हजारां श्रद्धालुओं ने आस्था की डुबकी लगाते हुए मन्दिर पूजा पाठ कर याचक ओर भिक्षुओं का दानपुन्य कर यश के भागी बने। इसी क्रम में क्षेत्र के महुआरी, कांवर, महुअरकलां, पूरा विजयी, तिरगावां, टाण्डाकलां, सैफपुर, नादी-निधौरा समस्त गंगा तटीय गावों के घाटो पर भारी भीड़ उमड़ी रही।शनिवार की अलसुबह ही हजरो श्रद्धालुओं की भीड़ बलुआ घाट पर पहुचने लगी और देखते ही देखते मेले जैसे रूवरूप लेते हुए भारी भीड़ के रूप में तब्दील हो गयी। पौराणिक मान्यताओं के अनुसार कार्तिक मास के शुक्ल पक्ष की एकादशी को भगवान विष्णु अपने योग चर्तुमासा निद्रा से जागते हैं इसी कारण इसे देव उठान या देवउठनी एकादशी भी कहा जाता है। कार्तिक मास की शुक्ल पक्ष एकादशी के दिन मॉ तुलसी का विवाह भी श्री हरि नारायण से सम्पन्न कराया जाता है। उसी मान्यता के अनुसार समस्त जगत में मांगलिक कार्यक्रम प्रारम्भ हो जाते है। वही सुरक्षा की दृष्टि से उपनिरीक्षक विनोद सिंह, महिला कांस्टेबल कौशल्या देवी, चिंता देवी, राजेश कुमार, सरोज देवेंद्र प्रताप यादव के साथ गोताखोरों की टीम भी नाव से गंगा में निगरानी करती रही।

अधिकारियों के आदेश को मातहत दिखा रहे ठेगा
चहनियां चन्दौली।
क्षेत्र के प्रभुपुर गावं में अराजी नं0 311पर चकरोड बनवाने के लिए पिड़ित वायुनन्दन त्रिपाठी ने उपजिलाधिकारी व खण्ड विकास अधिकारी के यहा प्रार्थना पत्र देकर गुहार लगाया गया। लेकिन उच्चाधिकारियां के आदेश के बावजूद भी मातहत सचिव व प्रारम्भ कार्य कराना उचित नही समझ रहे है। वही पिड़ित वायुनन्दन ने खण्ड विकास अधिकारी से बार-बार मिलने के पर खण्ड विकास अधिकारी ने दो दिन के अन्दर काम लगवाये जाने का आश्वासन देकर प्रार्थी को शान्त कराया। इस संबंध में तत्कालीन एडीओ पंचायत ने सचिव को कार्य कराने का लिखित आदेश दिया था लेकिन सचिव द्वारा उसे नजर अंदाज करते हुए कार्य कराना उचित नही समझा। ग्राम प्रधान चुनावी रंग में रंग कर आलाधिकारियां के आदेश को ठेगा दिखाते हुए ठंण्डे बस्ते में डाल दिया है। अधिकारियों के आदेश को दो-दिन, चार-दिन करते-करते मातहत सचिव व ग्राम प्रधान दो माह बिता दिए। इससे अंदाजा लगाया जा सकता है कि अधिकारियों का आदेश का कितना मातहत पालन करते है। अधिकारियों ढ़ुलमुल रवैया पूर्ण आदेश से तंग आकर पिड़ित आमरण अनशन करने का बाध्य हो गया। वही पिड़ित वायुनन्दन ने आलाधिकारियों चेताते हुए कहा कि अगर जल्द से जल्द कार्य प्रारम्भ नही करवाया तो प्रार्थी आमरण अनशन को बाध्य होगा जिसकी सारी जिम्मेदारी मातहतों की होगी।