चंदौली। कैली रोड स्थित कृष्णा वस्त्रालय पर एक सराहनीय पहल के तहत राकेश तिवारी ने मानवाधिकार न्यूज़ के नवनियुक्त जिलाध्यक्ष मनोज कुमार मिश्रा का सम्मान किया।

चंदौली। कैली रोड स्थित कृष्णा वस्त्रालय पर एक सराहनीय पहल के तहत राकेश तिवारी ने मानवाधिकार न्यूज़ के नवनियुक्त जिलाध्यक्ष मनोज कुमार मिश्रा का सम्मान किया।

पदभार ग्रहण करने के उपलक्ष्य में आयोजित इस सम्मान समारोह में क्षेत्र के लोगों ने भी सहभागिता की।

 

दुकान के संचालक राकेश तिवारी ने मनोज कुमार मिश्रा को अंगवस्त्र व पुष्प देकर सम्मानित किया और उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की। उन्होंने कहा कि मानवाधिकार की रक्षा समाज का महत्वपूर्ण अंग है और इस जिम्मेदारी को निभाने के लिए मिश्रा जी बधाई के पात्र हैं।

 

सम्मान प्राप्त कर मनोज कुमार मिश्रा ने कहा कि वे जिले में मानवाधिकार संरक्षण के लिए संवेदनशीलता और निष्पक्षता के साथ कार्य करेंगे तथा आम जनता की समस्याओं को प्राथमिकता से उठाएंगे।

 

इस अवसर पर स्थानीय लोग भी मौजूद रहे और सभी ने नए जिलाध्यक्ष को शुभकामनाएँ दीं।

भगवान भास्कर के जयकारे से गूजायमान हुई अध्यात्मिक नगरीरामनगर वाराणसीविन्ध्य पर्वत के तलहटी में भगवान भोले नाथ की त्रिशूल पर वसी नगरी वाराणसी में चार द्विवसीय डाला छठ बड़े ही धूॅमधाम के साथ मनाया गया। मॉ भगवती गंगा के दोनां तटां अध्यात्मिक नगरी तो दुसरी तरफ रामनगर के राजा का किला स्थित है। अस्सी घाट से लेकर राजघाट तक व रामनगर से लेकर पड़ाव डोमरी तक हजारां नर नारी भगवान भास्कर के महापर्व को पूर्ण करने में लगे रहे। जिसके क्रम में मंगलवार की अल सुबह ही व्रतियो ने मॉं गंगा के तट पर पहुच कर उदयाचल भगवान भास्कर को अर्ध्य दिया। जैसे भगवान भास्कर की किरणे मां गंगा के स्पर्श की कि चारों तरफ भगवान भास्कर व छठी मइया के गगन भेदी जयकारे से पूरा क्षेत्र गूजायमान हो गया और इसी अर्ध्य के साथ भगवान भास्कर महापर्व समाप्त हो गया।

पंडित दीनदयाल उपाध्याय नगर वार्ड नंबर 7 महमूदपुर कैलाशपुरी जोड़ने वाला रोड जर्जर हालत में, जिम्मेदार बेपरवाह

मानवाधिकार न्यूज़, चंदौली:
पंडित दीनदयाल उपाध्याय नगर के वार्ड नंबर 7 में महमूदपुर से कैलाशपुरी को जोड़ने वाला मुख्य मार्ग बेहद खराब स्थिति में पहुंच चुका है। यह सड़क करीब 5 वर्ष पूर्व बनाई गई थी, लेकिन अब इसमें बड़े-बड़े गड्ढे बन चुके हैं, जिससे राहगीरों और स्थानीय निवासियों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।

स्थानीय लोगों का कहना है कि बरसात के दिनों में इस सड़क पर चलना बेहद खतरनाक हो जाता है। आए दिन दोपहिया वाहन चालकों के फिसलने की घटनाएं सामने आ रही हैं। स्कूली बच्चों और बुजुर्गों के लिए यह सड़क अब जानलेवा बन चुकी है।

सबसे गंभीर बात यह है कि इस सड़क की दुर्दशा की जानकारी कई बार सभासद और नगर निगम अधिकारियों को दी गई, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई है। लोगों में नगर प्रशासन के प्रति गहरा आक्रोश है और वे सवाल कर रहे हैं कि आखिर कब तक वे बदहाल सड़कों पर चलने को मजबूर रहेंगे?

स्थानीय नागरिकों ने मानवाधिकार न्यूज़ के माध्यम से नगर निगम से अपील की है कि इस सड़क की मरम्मत शीघ्र कराई जाए, ताकि जनता को राहत मिल सके और भविष्य में कोई बड़ा हादसा न हो।