बाबा साहब डॉ. भीमराव आंबेडकर के महापरिनिर्वाण दिवस पर श्रद्धांजलि – पंडित दीनदयाल उपाध्याय नगर

मानवाधिकार न्यूज़ – विशेष रिपोर्ट
दिनांक: 06 दिसंबर 2025
स्थान: पंडित दीनदयाल उपाध्याय जंक्शन (DDU)

बाबा साहब डॉ. भीमराव आंबेडकर के महापरिनिर्वाण दिवस पर श्रद्धांजलि

आज दिनांक 06.12.2025 को SC/ST Association DDU एवं UP Departure Yard (DDU/NCR) के अधिकारियों व कर्मचारियों द्वारा सामाजिक न्याय के अग्रदूत, ‘भारत रत्न’ बाबा साहब डॉ. भीमराव आंबेडकर के महापरिनिर्वाण दिवस पर भावपूर्ण श्रद्धांजलि अर्पित की गई।

कार्यक्रम में उपस्थित सभी सदस्यों ने बाबा साहब के चित्र पर माल्यार्पण कर उनके विचारों—समानता, शिक्षा, संविधान और सामाजिक न्याय—को आगे बढ़ाने का संकल्प लिया।

इस पूरे आयोजन का संचालन एवं मैनेजमेंट
संतोष कुमार, 29 (सहायक लोको पायलट, DDU/ECR)
द्वारा सफलतापूर्वक किया गया। उनके प्रयासों से कार्यक्रम सुव्यवस्थित एवं शांति-पूर्वक सम्पन्न हुआ।

स्थानीय कर्मचारियों ने कहा कि बाबा साहब के विचार आज भी समाज को जागरूक करने और समानता की राह दिखाने में अत्यंत महत्वपूर्ण हैं।

पितृविसर्जन पर लोगो ने अपने पूर्वजों का किया, तर्पण व पिण्डदान
चहनिया चन्दौली।
पितृपक्ष के अंतिम दिन रविवार को श्रद्धालुओं ने मॉ भागीरथी गंगा तट पर बलुआ घाट पर अपने-अपने पितरों को तर्पण कर पिंडदान किया और पितृविर्सजन पर विभिन्न अनुष्ठान व पूजन-अर्चन कर घाटो पर व्यंजन चढ़ाकर तर्पण किया।
रविवार की अल सुबह ही श्रद्धालुओं द्वारा पैदल, वाहनों से लोटा, कुश, परास की पत्ती कर हाथो में लिए गंगा तट पर पहुचने लगे और बाजारां में जौ के आटे, दीया, माचिस, अगरबत्ती, मालफूल की खरीददारी करते घाटों पर पहुच कर अपने- अपने पूर्वजां को श्राद्ध तर्पण और पिंडदान में जुटे रहे जो अरान्ह तक चलता रहा।
इस दौरान गंगा के पानी में तेजी से घटाव के कारण चारो तरफ कीचड़ व मिट्टियों का ढ़ेर से लोग हलकान नजर आये। इस दौरान पुलिस चाक चौकस व्यवस्था करने में जुटी रही। इस दौरान चहनियां वाया बलुआ मार्ग पर मेले का दृश्य हो गया और बाल्मिकी इण्टर कालेज के प्रांगण में वहनो का जमघट लगा रहा पिंडदान व तर्पण का कार्य देर अपरान्ह तक चलता रहा।
इसी क्रम में भूपौली, महुअरकला, टॉण्डा सैफपुर, सहित गंगा तटों पर पिंडदान का कार्यक्रम सम्पन्न हुआ साथ ही ग्रामीण क्षेत्रों में तालाबों, सरोवरों पर भी श्रद्धालुओं में पिंडदान कर अपने पूर्वजों का तर्पण किया और सुख समृद्धि की कामना व्यक्त किया।
इस दौरान नाई अपनी-अपनी दुकाने रविवार की अल सुबह लगभग 3बजे से खोलकर लोगों का मुण्डन इत्यादी का कार्य करने में जुटे रहे। जिससे नाई की दुकानों पर लोगो की भीड़े जुटी रही। वही माली भी रविवार की अल सुबह माला फूल लेकर घाटो पर जमें रहे।