किसान रजिस्ट्री अनिवार्य, PM किसान निधि पर असरः 30 जनवरी 2026 तक न कराने पर अगली किस्त से होंगे वंचित चंदौली/दिनांक 02 जनवरी, 2026

किसान रजिस्ट्री अनिवार्य, PM किसान निधि पर असरः 30 जनवरी 2026 तक न कराने पर अगली किस्त से होंगे वंचित चंदौली/दिनांक 02 जनवरी, 2026

चंदौली जनपद के किसानों के लिए फार्मर रजिस्ट्री कराना अनिवार्य कर दिया गया है। उप निदेशक कृषि भीमसेन ने बताया कि कृषि विभाग की विभिन्न योजनाओं और प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि की आगामी किस्त का लाभ लेने के लिए यह पंजीकरण आवश्यक है। इसे 30 जनवरी 2026 तक पूरा करना होगा।

उप कृषि निदेशक भीमसेन ने सभी किसान भाइयों से अपील की है कि वे निर्धारित तिथि 30 जनवरी 2026 तक अपनी फार्मर रजिस्ट्री अवश्य करा लें। यदि इस तिथि तक पंजीकरण नहीं कराया जाता है, तो किसान प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि की आगामी किस्त और कृषि विभाग द्वारा संचालित अन्य योजनाओं के लाभ से वंचित हो सकते हैं।

वर्तमान में फार्मर रजिस्ट्री का कार्य कृषि विभाग, राजस्व विभाग के कर्मचारियों और जन सेवा केंद्रों के माध्यम से किया जा रहा है। किसान स्वयं भी ऑनलाइन पोर्टल http: //upfr.agristack.gov.in या ‘Farmer registry UP’ मोबाइल ऐप के जरिए पंजीकरण कर सकते हैं। इसके अतिरिक्त, जन सुविधा केंद्रों पर निर्धारित शुल्क देकर भी यह प्रक्रिया पूरी की जा सकती है।

पंजीकरण के लिए किसानों को अपने सभी भूखंडों की खतौनी, मूल आधार कार्ड और आधार कार्ड से लिंक मोबाइल नंबर की आवश्यकता होगी। कृषि विभाग ने किसानों को आगाह किया है कि वे कृषि, राजस्व, पंचायती विभाग या कॉमन सर्विस संचालक के कार्मिकों के अलावा किसी अन्य के साथ अपने मोबाइल नंबर पर प्राप्त ओटीपी साझा न करें।

सामान्य ज्ञान प्रतियोगिता 29 कोपीडीडीयू नगर। एमआईआईटी ​शिक्षण संस्थान की ओर से 29 सितंबर को नगर पालिका इंटर कॉलेज में जिलास्तरीय सामान्य ज्ञान, चित्रकला, मेंहदी, निबंध व क्वीज प्रतियोगिता का आयोजन किया गया है। संस्था के निदेशक जुबेर अहमद ने बताया कि यह प्रतियोगिता पिछले 24 वर्षो लगातार किया जा रहा है। इसमें कक्षा एक से पीजी तक के छात्र-छात्राएं प्रतिभाग कर सकते हैं। इच्छुक प्रतिभागी प्रतियोगिता में शामिल होने के लिए 26 सितंबर तक संस्था पहुंचकर अपना रजिस्ट्रेशन करा सकते हैं। प्रतियोगिता के विजेताओं को आकर्षक उपहार के साथ सम्मानित किया जाएगा।

मिर्जापुर के कछवां थाना क्षेत्र के नरायनपुर गांव निवासी चंद्र प्रकाश पटेल, जो भारतीय सेना के जवान थे, युद्धाभ्यास के दौरान तोप पर शहीद हो गए। सेना के सूबेदार नरेंद्र सिंह ने बताया कि यह तोप पर कैजुएल्टी का मामला है। शहीद जवान का पार्थिव शरीर सेना द्वारा आज दोपहर में कछवां लाया जाएगा, जहां पूरे राजकीय सम्मान के साथ अंतिम संस्कार गंगा तट पर किया जाएगा।
चंद्र प्रकाश पटेल का 2010 में भारतीय सेना में पहले प्रयास में चयन हुआ था। वह सेना की 99वीं बटालियन में तैनात थे और इन दिनों राजस्थान के सूरतगढ़ में तैनात थे। 22 अक्टूबर को वह घर आए थे, और एक सप्ताह के बाद सेना की ड्यूटी के लिए वापस लौट गए थे।
शहीद के परिवार में मातम, गांव में उमड़ी भीड़ चंद्र प्रकाश के निधन की सूचना मिलते ही गांव में गम का माहौल छा गया। शहीद जवान की पत्नी स्नेहा पटेल और ढाई साल के बेटे अयांश के साथ उनका परिवार गहरे शोक में डूबा हुआ है। परिवार के अन्य सदस्य, विशेष रूप से उनके माता-पिता राजपति और राजनाथ पटेल, जो शहादत की खबर सुनकर विलाप कर रहे थे, इस दुःखद घटना से बुरी तरह प्रभावित हैं।