उत्तर प्रदेश- सीएम योगी आदित्यनाथ

सूर्य उपासना के महापर्व के अवसर पर CM योगी आदित्यनाथ ,DCM ब्रजेश पाठक ने गोमती तट पर संध्या अर्घ्य दिया ,CM योगी ने सभी को शुभकामनाएँ दीं !!

उत्तर प्रदेश-

सूर्य उपासना के महापर्व के अवसर पर CM योगी आदित्यनाथ ,DCM ब्रजेश पाठक ने गोमती तट पर संध्या अर्घ्य दिया ,CM योगी ने सभी को शुभकामनाएँ दीं !!

संवाददाता -: प्रदीप कुमार शर्मा

https://youtu.be/Tj16e_j-bOA?si=rkrZSy4CLNKAW8Kf

हमारे आराध्य और स्वाभिमान के प्रतीक श्री राम
जन्मभूमि मंदिर में रामलला की प्राण प्रतिष्ठा की प्रथम
वर्षगांठ विक्रम संवत 2081, पौष शुक्ल द्वादशी (11
जनवरी, 2025) को महाराष्ट्र के विजय विहार सोसाइटी मे सबने
मिलकर धूमधाम से मनाने जा रहे है।
कार्यक्रम की रूप रेखा इस प्रकार है

नम आंखों से किया गया मां दुर्गा का विसर्जन
जागरण संवाददाता चहानिया चंदौली
चहनिया क्षेत्र में नवरात्र के दुर्गा पूजा के समाप्ति के बाद चहनिया ,बलुआ, रामोली जुड़ा हरधन ,सोनबरसा मझिलेपुर सैकड़ो गांव के भक्तों ने मां के प्रतिमा को आस्था और उत्साह के साथ विसर्जन किया स्थापित सभी दुर्गा पंडालो में शुक्रवार को वैदिक मंत्र के साथ पुरोहित ने विधि पूर्वक विसर्जन की प्रक्रिया पूरी की विसर्जन करने से पहले मां दुर्गा का पूजा अर्चना किया गया। विसर्जन जुलूस के दौरान मां दुर्गा का विदाई देने के लिए श्रद्धालुओं ने जमकर जयकारा लगाये। जुलूस के दौरान  मां के दर्शन के लिए लोगों की भीड़ लगी रही वही भक्तगण डीजे वह ढोल नगाड़ों के साथ नाचते गाते मां का जयकारा लगाते हुए अबीर गुलाब के साथ लगा कर मां दुर्गा को विसर्जन किया गया किसी प्रकार के अप्रिय घटना न हो इसको लेकर बलुआ थाना अध्यक्ष अतुल कुमार के नेतृत्व में पुलिस प्रशासन प्रतिमा विसर्जन यात्रा में विशेष नजर बनाए रखे थे।

विशाल भंडारे के साथ सात द्विवसीय रामकथा का हुआ समापनमुगलसराय चन्दौली।अलीनगर थाना क्षेत्र स्थित सहरोई गांव में विगत वर्षों की भांति इस वर्ष भी श्री हनुमान जयंती के पावन शुभ अवसर पर नवयुवक मंगल दल सहरोई के तत्वाधान में सात दिवसीय संगीतमय रामकथा का आयोजन किया गया है। कथा अंतिम दिन पंडित शक्ति तिवारी ने कथा में बताया कि नारायण की कृपा कब किसपर बरस जायेगी उसको कोई नहीं जान पाता जिस प्रकार प्रभु श्रीराम की कृपा हनुमान जी पर हुई, सुग्रीव जी व विभिषण जी पर हुई। निच्छल भाव से युक्त जीवन यापन करने वालो पर कब प्रभु की कृपा हो जायेगी उसको तो वही जान सकते है। चंचल चित जीव सुग्रीव जिस पर रघुनाथ जी की कृपा हुई और विभिषण जी के पूरा राजपाठ ही दे दिया और अपने परम शिष्य हनुमान जी पर अपनी कृपा बरसा कर उन्हे अमरता का वरदान दिया और अष्ट सिद्धियां प्रदान कर दी। शक्ति तिवारी ने बतलाया की जीवन में यदि जीना सीखना है तो रामचरितमानस का चरण, शरण ,ग्रहण करना चाहिए रामचरितमानस हमको जीना सिखाती है भाई भाई के प्रति प्रेम कैसा होना चाहिए, माता-पिता के प्रति प्रेम कैसा होना चाहिए, पिता और पुत्र के प्रति प्रेम कैसा होना चाहिए, यह मर्यादा पुरुषोत्तम भगवान श्री रामचंद्र जी के जीवन से सीखा जा सकता हैऔर उन्होंने बतलाया की मनुष्य का शरीर साधन का धाम है मोक्ष का दरवाजा है और इस सांसारिक भव कुप से बाहर निकालने के लिए केवल और केवल एक नाम ओम, राम, शिव इन्हीं तीन नाम में से एक का जाप करें इसी में हम सब का कल्याण है और उन्होंने बतलाया की भगवान ज्ञान से मिले या ना मिले वैराग्य से मिले या ना मिले लेकिन प्रभु प्रेम से जरूर मिल जाते है।वही कथा के अतिम दिन विशाल भंडारे का आयोजन प्रसाद वितरण किया जिसमें हजारो नर-नारी बूढ़े-जवान बच्चे शामील रहे। इस दौरान राहुल मिश्रा समाजसेवी, अमित मिश्रा, रोहित, पवन, शिशु, विराट, उमेश, महानंद, दिनेश, शुभम, गोलू, तबला वादक अनिल तिवारी निक्कीरशिक, प्रद्युम्न, सैकड़ो श्रद्धालु उपस्थित रहे।