समुदपुर में ‘सर्वधर्म समाज एवं अनेकता में एकता’ कार्यक्रम का भव्य आयोजन, 108 कन्याओं का हुआ पूजन।

समुदपुर में ‘सर्वधर्म समाज एवं अनेकता में एकता’ कार्यक्रम का भव्य आयोजन, 108 कन्याओं का हुआ पूजन।

चहनिया ब्लॉक के समुदपुर ग्राम सभा में बुधवार को जय भारत मंच द्वारा ‘सर्वधर्म समाज एवं अनेकता में एकता’ विषय पर एक भव्य कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ सुबह 9 बजे पूर्व ब्लॉक प्रमुख के आवास पर हुआ, जिसमें 108 कन्याओं का विधि-विधान से पूजन किया गया।
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के अखिल भारतीय कार्यकारिणी सदस्य एवं जय भारत मंच के मार्गदर्शक डॉ. इंद्रेश कुमार रहे। उनके आगमन पर पुष्पवर्षा कर जोरदार स्वागत किया गया। कन्या पूजन के पश्चात भारत माता की तस्वीर पर पुष्प अर्पित कर एवं दीप प्रज्वलन के साथ कार्यक्रम का विधिवत उद्घाटन किया गया।
मंच पर उपस्थित सभी गणमान्य अतिथियों को पगड़ी और अंगवस्त्र पहनाकर सम्मानित किया गया। कार्यक्रम में लगभग 5000 लोगों की सहभागिता रही, जहां राष्ट्रगान के साथ गायत्री मंत्र और महामृत्युंजय मंत्र का सामूहिक जाप किया गया।
जय भारत मंच के काशी प्रांत अध्यक्ष उपेंद्र सिंह ने अपने संबोधन में समाज के सभी वर्गों को एकजुट रहने का आह्वान करते हुए देश की एकता और अखंडता पर जोर दिया। उन्होंने मंच से सामाजिक समरसता का संदेश दिया।
इस अवसर पर क्षेत्र के साथ-साथ अन्य जनपदों से भी बड़ी संख्या में लोग शामिल हुए। आगंतुकों के लिए भोजन की समुचित व्यवस्था की गई थी। कार्यक्रम को सफल बनाने में आयोजक उपेंद्र नाथ सिंह ‘गुड्डू’, जय भारत मंच के राष्ट्रीय कार्यकारिणी अध्यक्ष नरेंद्र शर्मा, राष्ट्रीय महामंत्री अर्जुन सिंह तथा जिलाध्यक्ष के.के. सिंह का महत्वपूर्ण योगदान रहा।
कार्यक्रम स्थल पर किसी भी अप्रिय घटना से निपटने के लिए स्थानीय प्रशासन द्वारा सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए थे।

आरएसएस शताब्दी वर्ष पर हुआ पथ संचलनचहनिया चंदौलीक्षेत्र में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) ने अपनी 100वर्षों की प्रेरणादायक यात्रा पूर्ण कर शताब्दी वर्ष का शुभारंभ कस्बे के एक कॉन्वेंट स्कूल में उत्सव के रूप में मनाया गया। कार्यक्रम में सैकड़ों स्वयंसेवकों सहित समाज के प्रमुख जनसमुदाय ने सहभागिता की। आयोजन की शुरुआत ध्वजारोहण, शस्त्र पूजन और दीप प्रज्वलन के साथ हुई। शिवपूजन जी ने भगवान श्रीराम के चित्र के समक्ष पूजन-अर्चन कर कार्यक्रम का विधिवत उद्घाटन किया। सह कार्यवाह रविन्द्र ने संबोधन में कहा कि राम मंदिर का निर्माण संघ के वर्षों के अथक प्रयासों का परिणाम है। संघ वैदिक और सनातन संस्कृति का प्रतीक है, जो ‘अहिंसा परमो धर्मः’ के मार्ग पर चलता है। संघ चालक रविन्द्र ने उद्बोधन में कहा कि विजयादशमी का पर्व अधर्म पर धर्म, असत्य पर सत्य और अन्याय पर न्याय की विजय का प्रतीक पर्व है। संघ ने बीते 100 वर्षों में समाज को संगठित कर एक ध्येय पथ पर अग्रसर किया है। आज देश के कोने-कोने में संघ की शाखाएं कार्यरत हैं। हिंदुत्व समन्वय का विचार है, जिसमें बौद्ध, जैन, सिख सभी धर्मों को स्थान प्राप्त है। “रामराज्य और हिंदू राष्ट्र दो नहीं, एक ही उद्देश्य के रूप हैं,” ऐसा कहते हुए उन्होंने राष्ट्रभक्ति, सेवा और अनुशासन के मार्ग पर चलने का आह्वान किया। वही संघ संचालक ने कहा कि स्वदेशी अपना कर अपने देश को मजबूत किया जा सकता आप सभी से लोग स्वदेशी सामानों का उपयोग व उपभेग करे हमारा देश तरक्की कर सके। कार्यक्रम के उपरांत पूर्ण गणवेश में स्वयंसेवकों का पथ बृजनंदनी कॉन्वेंट स्कूल से चहनिया बाजार मार्ग से होते हुए बृजनंदनी कॉन्वेंट स्कूल पर आकर सम्पन्न हुआ। कार्यक्रम में सह खंड कार्यवाहक सुमन, संचालक शिवपूजन तिवारी, विभाग संघ दीपक, संघ चालक रविन्द्र, मुकेश, आशीष, अमरीश, अमरीश सिंह भोला, सूर्यमुनि तिवारी, अमित, चन्दन, इंद्रसेन सहित अनेक स्वयंसेवक संघ के सदस्य उपस्थित रहे।