मुगलसराय के देव इवेंट प्लानर द्वारा आयोजित किया गया डांडिया डांस का प्रोग्राम

  1. पीडीडीयू नगर: शारदीय नवरात्रि के दौरान पंडित दीनदयाल उपाध्याय नगर के नई बस्ती स्थित लक्ष्मी कमल लान में 18 अक्टूबर 2023 दिन बुधवार को नवरात्रि के चौथे दिन पूर्वांचल समाचार व देव इवेंट प्लानर की सहभागिता से बिगेस्ट डांडिया रास 2023 का आयोजन किया गया जहा काफी संख्या में परिवार के महिलाएं, पुरुषों, और बच्चों ने भाग लिया और इस सांस्कृतिक डांडिया कार्यक्रम का आनंद उठाया। इस कार्यक्रम का शुभारंभ में नगर के माननीय विधायक श्री रमेश जायसवाल व बॉलीवुड फिल्म इंडस्ट्रीज के मुंबई से आए हुए फिल्म डायरेक्टर आनंद रावत जी ने दीप प्रज्वलन एवं माँ दुर्गा के तैलचित्र पर माल्यार्पण के साथ किया। नगर विधायक रमेश जायसवाल ने कहा नवरात्रि में नौ दिनों तक भक्त मां दुर्गा की भक्ति में डूबे रहते जहां पाठ के साथ सांस्कृतिक कार्यक्रम डांडिया नाइट्स का आयोजन किया जाता है सभी महिलाएं बहने इसका खूब आनंद उठाते हुए मां दुर्गा को प्रसन्न करती हैं उन्होंने मुंबई से आए हुए फिल्म डायरेक्टर आनंद रावत जी को अंग वस्त्र भेंट कर सम्मान किया। इसी क्रम में रामनगर औद्योगिक एसोसिएशन के वरिष्ठ उपाध्यक्ष श्री चंदेश्वर जायसवाल ने नगर विधायक श्री रमेश जायसवाल को अंग वस्त्र भेंट कर सम्मान किया। इस कार्यक्रम में आए हुए समस्त सहयोगी अतिथियों का सम्मान पूर्वांचल समाचार की ओर से अंग वस्त्र भेंट कर किया गया। इस सफल सांस्कृतिक कार्यक्रम डांडिया में सभी मस्ती में झूमते नजर आए। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार नवरात्रि में इस नृत्य साधना से भक्त देवी को प्रसन्न करते हैं और उनका आशीर्वाद प्राप्त करते हैं इस कार्यक्रम के व्यवस्थापक देवेश गुप्ता ने बताया कि गरबा या डांडिया नृत्य अलग- अलग तरीके से खेला जाता है इस डांडिया कार्यक्रम की शुरुआत 2021 में जनपद चंदौली के पंडित दीनदयाल उपाध्याय नगर स्थित राम लक्ष्मी पैलेस से किया गया था इस सांस्कृतिक डांडिया कार्यक्रम के सफल आयोजन हेतु सबका आभार सह धन्यवाद किया।

मानवाधिकार न्यूज़ की ओर से मज़दूरों को समर्पित एक अपील
“फिर से चाहिए 8 घंटे का अधिकार –
मज़दूर न किसी का ग़ुलाम है, न कोई व्यापार!”

आज 1 मई – अंतर्राष्ट्रीय मज़दूर दिवस है। यह वह दिन है जब पूरी दुनिया उन मेहनतकश हाथों को सलाम करती है, जिन्होंने अपने खून-पसीने से दुनिया का निर्माण किया है।
लेकिन आज एक बार फिर वही सवाल खड़ा है –
क्या हमारे मज़दूरों को वह सम्मान, वह अधिकार मिल पा रहे हैं जिसके लिए उन्होंने लड़ाई लड़ी थी?

1886 में अमेरिका के शिकागो में जब मज़दूरों ने 8 घंटे की शिफ्ट के लिए अपनी जानें दीं, तब जाकर यह अधिकार मिला।
मगर आज फिर वही मज़दूर 12 से 18 घंटे काम करने को विवश है –
कम मज़दूरी, ज़्यादा काम, और सम्मान शून्य।

मानवाधिकार न्यूज़ की ओर से हम यह स्पष्ट संदेश देना चाहते हैं:

8 घंटे का काम मज़दूर का हक़ है, एहसान नहीं।

हर श्रमिक को सामाजिक सुरक्षा, स्वास्थ्य, और काम का सुरक्षित वातावरण मिलना चाहिए।

मज़दूर को कोई ठेके का सामान न समझें – वह भी एक इंसान है, जिसके सपने हैं, परिवार है, और जीने का हक़ है।


आज की सबसे बड़ी ज़रूरत है –
मज़दूरों की आवाज़ को फिर से बुलंद करना।
उनके हक़ के लिए एकजुट होना।

हमारा संकल्प:
“रोटी भी चाहिए, इज़्ज़त भी चाहिए,
इंसान हैं हम – गुलाम नहीं!”

आपका
संजय रस्तोगी
राष्ट्रीय अध्यक्ष – मानवाधिकार न्यूज़

दीन दयाल हस्तकला संकुल बदलालपुर चांदमारी वाराणसी में संस्कृतिक कार्यक्रम साप्ताहिक होता आ रहा है। आज की प्रस्तुति में  मोहित सहानी जी हारमोनियम पर और गायिका में स्वरमणि भाग्यश्री देशपांडे जी का पूरा योगदान रहा ।