बाबा ताड़केश्वर नाथ जी के साल्वी भंडारे का भव्य आयोजन संपन्न – पड़ाव – पंडित दीनदयाल उपाध्याय नगर

बाबा ताड़केश्वर नाथ जी के साल्वी भंडारे का भव्य आयोजन संपन्न

रिपोर्ट – मोहम्मद आरिफ

आज बाबा ताड़केश्वर नाथ जी जो मुगलसराय पड़ाव पर स्थित है उनके पवित्र आशीर्वाद से साल्वी भंडारे का आयोजन पूरे हर्षोल्लास के साथ संपन्न हुआ। इस धार्मिक कार्यक्रम में सैकड़ों श्रद्धालुओं ने भाग लिया और बाबा के दर्शन का लाभ प्राप्त किया।

कार्यक्रम की शुरुआत सुबह से ही हो रही थी और बाबा की विशेष पूजा-अर्चना से हुई, जिसमें क्षेत्र के प्रमुख धार्मिक और सामाजिक हस्तियों ने भाग लिया। इसके बाद भंडारे का आयोजन किया गया, जिसमें उपस्थित श्रद्धालुओं ने प्रसाद ग्रहण किया और बाबा का आशीर्वाद प्राप्त किया।

कार्यक्रम का आयोजन सामाजिक लोगो के द्वारा किया गया था, जिनके द्वारा बाबा की परंपराओं को ध्यान में रखते हुए भंडारे का भव्य आयोजन किया गया। श्रद्धालुओं के लिए विशेष व्यवस्था की गई थी ताकि वे आरामदायक और सुरक्षित रूप से इस धार्मिक आयोजन का आनंद उठा सकें।
इस अवसर पर बिरहा का कार्यक्रम भी आयोजित किया गया था।

डीडीयू नगर चंदौली। आज बुधवार को गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी व सिख्ख समाज द्वारा  दशो पातशाहियो की अलौकिक जागृत ज्योत धन-धन श्री गुरू ग्रंथ साहिब जी महाराज  का पावन पवित्र पहला प्रकाश पर्व दिन बुधवार को गुरूद्वारा साहिब जी.टी. रोड पर रात  तक मनाया गया।

प्रबोधिनी एकादशी पर श्रद्धालुओं ने़ लगाई आस्था की डुबकीचहनिया चन्दौली।क्षेत्र के मां भागीरथी के पश्चिमी वाहिनी बलुआ घाट पर प्रबोधिनी एकादशी के पावन पर्व पर हजारां श्रद्धालुओं ने आस्था की डुबकी लगाते हुए मन्दिर पूजा पाठ कर याचक ओर भिक्षुओं का दानपुन्य कर यश के भागी बने। इसी क्रम में क्षेत्र के महुआरी, कांवर, महुअरकलां, पूरा विजयी, तिरगावां, टाण्डाकलां, सैफपुर, नादी-निधौरा समस्त गंगा तटीय गावों के घाटो पर भारी भीड़ उमड़ी रही।शनिवार की अलसुबह ही हजरो श्रद्धालुओं की भीड़ बलुआ घाट पर पहुचने लगी और देखते ही देखते मेले जैसे रूवरूप लेते हुए भारी भीड़ के रूप में तब्दील हो गयी। पौराणिक मान्यताओं के अनुसार कार्तिक मास के शुक्ल पक्ष की एकादशी को भगवान विष्णु अपने योग चर्तुमासा निद्रा से जागते हैं इसी कारण इसे देव उठान या देवउठनी एकादशी भी कहा जाता है। कार्तिक मास की शुक्ल पक्ष एकादशी के दिन मॉ तुलसी का विवाह भी श्री हरि नारायण से सम्पन्न कराया जाता है। उसी मान्यता के अनुसार समस्त जगत में मांगलिक कार्यक्रम प्रारम्भ हो जाते है। वही सुरक्षा की दृष्टि से उपनिरीक्षक विनोद सिंह, महिला कांस्टेबल कौशल्या देवी, चिंता देवी, राजेश कुमार, सरोज देवेंद्र प्रताप यादव के साथ गोताखोरों की टीम भी नाव से गंगा में निगरानी करती रही।