जिले की 243 ग्राम पंचायतें टीबी मुक्त घोषितः विश्व क्षय रोग दिवस पर 100 दिवसीय सघन अभियान भी शुरु

जिले की 243 ग्राम पंचायतें टीबी मुक्त घोषितः विश्व क्षय रोग दिवस पर 100 दिवसीय सघन अभियान भी शुरु

जिलाधिकारी ने क्षय रोगियों को पोषण पोटली का किया वितरण

 

टीबी मुक्त ग्राम पंचायत बनाने में Community Health Officer (CHO), आशा कार्यकर्ताओं और ग्राम प्रधान की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण रही

 

चंदौली/दिनांक 24 मार्च, 2026

 

विश्व क्षय रोग दिवस के अवसर पर आज 24 मार्च 2026 को कलेक्ट्रेट सभागार में राष्ट्रीय क्षय रोग उन्मूलन कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस दौरान जनपद की 734 ग्राम पंचायतों में से 243 ग्राम पंचायतों को टीबी मुक्त घोषित किया गया है।

 

इनमें से 6 ग्राम पंचायतों ने ‘गोल्ड’, 45 ने ‘सिल्वर’ और 192 ने ‘ब्रॉन्ज’ मानदंड पूरे किए हैं। जिलाधिकारी चंद्र मोहन गर्ग ने ‘गोल्ड’ और ‘सिल्वर’ श्रेणी की ग्राम पंचायतों के प्रधानों को महात्मा गांधी की प्रतिमा और टीबी मुक्त पंचायत का प्रमाण पत्र देकर सम्मानित किया। ‘ब्रॉन्ज’ श्रेणी की पंचायतों को ब्लॉक स्तर पर सम्मानित किया जाएगा।

 

जिलाधिकारी ने बताया कि यह उपलब्धि राष्ट्रीय क्षय उन्मूलन कार्यक्रम (NTEP) के तहत ग्राम प्रधानों और सामुदायिक स्वास्थ्य अधिकारियों (CHO) के सामूहिक प्रयासों से संभव हुई है। जनपद द्वारा 243 ग्राम पंचायतों को टीबी मुक्त बनाना ‘टीबी मुक्त भारत’ के लक्ष्य की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।

 

इस अवसर पर जिलाधिकारी ने क्षय रोगियों को पोषण पोटली का भी वितरण किया।

 

इसी के साथ, जनपद में 24 मार्च 2026 से 100 दिवसीय सघन टीबी मुक्त भारत अभियान का भी शुभारंभ किया गया है। राष्ट्रीय क्षय उन्मूलन कार्यक्रम के अंतर्गत यह अभियान टीबी उन्मूलन के सतत और व्यापक प्रयासों को सुनिश्चित करेगा।

 

इस अभियान के तहत 2,60,861 उच्च जोखिम वाली आबादी की व्यापक स्तर पर टीबी स्क्रीनिंग की जाएगी। इसमें सभी का एक्स-रे और संदिग्ध मामलों की ‘नाट’ मशीन द्वारा जांच की जाएगी। टीबी की पुष्टि होने पर तत्काल इलाज शुरू किया जाएगा। जनपद ने 7 दिसंबर 2024 से अब तक ‘टीबी मुक्त भारत’ अभियान में पूरे प्रदेश में प्रथम स्थान प्राप्त किया है।

 

अंत में, जिलाधिकारी और मुख्य चिकित्सा अधिकारी (CMO) ने जनपदवासियों से अपील की कि यदि उन्हें दो सप्ताह से अधिक खांसी, बुखार, वजन में कमी या कमजोरी जैसे टीबी के लक्षण महसूस हों, तो तुरंत नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र पर जांच कराएं। उन्होंने जोर दिया कि समय पर जांच, पूर्ण उपचार और जागरूकता ही टीबी उन्मूलन का सबसे प्रभावी उपाय है।

 

जनपद चंदौली TB मुक्त भारत के लक्ष्य की ओर तेजी से अग्रसर हैँ एवम निरंतर प्रगति कर रहा हैँ.. TB उन्मूलन  मे स्वास्थ्य विभाग, प्राइवेट सेक्टर के साथ साथ जनसहभागिता की महत्वपूर्णभूमिका हैँ..

भगवान भास्कर के जयकारे से गूजायमान हुई अध्यात्मिक नगरीरामनगर वाराणसीविन्ध्य पर्वत के तलहटी में भगवान भोले नाथ की त्रिशूल पर वसी नगरी वाराणसी में चार द्विवसीय डाला छठ बड़े ही धूॅमधाम के साथ मनाया गया। मॉ भगवती गंगा के दोनां तटां अध्यात्मिक नगरी तो दुसरी तरफ रामनगर के राजा का किला स्थित है। अस्सी घाट से लेकर राजघाट तक व रामनगर से लेकर पड़ाव डोमरी तक हजारां नर नारी भगवान भास्कर के महापर्व को पूर्ण करने में लगे रहे। जिसके क्रम में मंगलवार की अल सुबह ही व्रतियो ने मॉं गंगा के तट पर पहुच कर उदयाचल भगवान भास्कर को अर्ध्य दिया। जैसे भगवान भास्कर की किरणे मां गंगा के स्पर्श की कि चारों तरफ भगवान भास्कर व छठी मइया के गगन भेदी जयकारे से पूरा क्षेत्र गूजायमान हो गया और इसी अर्ध्य के साथ भगवान भास्कर महापर्व समाप्त हो गया।